बुधवार, 24 सितंबर 2014

चिड़ियाघर का बाघ ,युवक की मौत ...... सवालों के पैने नाखून

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 चिड़ियाघर का  बाघ ,युवक की मौत ...... सवालों  के पैने  नाखून

मुझे जैक लन्दन का उपन्यास याद  आ रहा है -CALL OF THE WILD. इंसान और जंगल  अंतर्संबंधों पर रोचक विचारोत्तेजक नावेल है। जो  होना था सो हो गया। सवाल ये है कि क्यों हुआ और क्या इसे रोका जा सकता था? दिल्ली चिड़ियाघर के एक सफेद बाघ ने मंगलवार को एक युवक को उस समय अपना शिकार बना डाला जब वह बाघ के अहाते की बाड़ पर चढ़कर उसकी तस्वीर लेने की कोशिश करते समय दुर्घटनावश (अहाते के) अंदर गिर गया। हालांकि अभी यह साफ नहीं हो पाया है कि करीब 20 वर्षीय आयु का यह युवक अहाते में कैसे गिर गया, लेकिन चश्मदीदों ने बताया कि वह बाड़ पर चढ़ने की कोशिश कर रहा था और फिसल गया।

बाघ ने युवक पर कुछ मिनटों तक हमला नहीं किया, लेकिन किसी ने उसपर एक पत्थर फेंका और गार्ड ने बाड़ पर प्रहार करना शुरू कर दिया जिससे बाघ हिंसक हो गया। एक चश्मदीद ने बताया कि तब बाघ ने उसे उसकी गर्दन पकड़ ली और उसे घसीट कर दूर ले गया। कुछ चश्मदीदों ने दावा किया कि बाघ जब युवक को घसीट कर दूर ले जा रहा था तो चिडियाघर के गार्ड उसकी मदद नहीं कर सके क्योंकि उनके पास ट्रैंक्विलाइजर बंदूकें नहीं थीं।
दिल दहलाने देने वाली इस घटना की एक चश्मदीद ने फिल्म बना ली, जिसमें बाघ युवक को गर्दन से पकड़ता हुआ और फिर उसे मारता हुआ दिखाई दे रहा है। पुलिस और चिडियाघर के अधिकारी घटना घटने के कई घंटों बाद तक शव को अहाते से निकालने में असमर्थ रहे। चिड़ियाघर के एक अधिकारी ने टीवी चैनल पर कहा है की बाड़  में युवक खुद गया था।
                      अनेक सवालों के पैने नाखून चुभ रहे हैं-1 चिड़िया घरों में आपदा  स्थिति कितनी बदतर है । 2 क्या बाड़  को तकनीकी रूप से और ज्यादा सुरक्षित बनाया जा सकता है ? 3 .युवक  अगर मानसिक रूप से आंशिक असंतुलित  था ,तब भी क्या दर्शकों को जबरिया दुस्साहस करने  विरुद्ध चेतावनी और वन्य पशुओं   के आसपास रहने की तमीज-तहजीब सिखाई और चेतावनी नहीं दी जानी चाहिए?4 शेर को पत्थर मारने की बेहूदी  सोच  के बदले   सब लोग और चिड़ियाघर के अधिकारी /कर्मचारी  मिलकर युवक को बचाने के ठोस उपायों पर ध्यान केंद्रित नहीं कर सकते थे?बेशक हादसा पीड़ित परिवार के साथ बेहद बुरा हुआ। फिर भी क्या क्या  सवालों के पैने नाखून प्रशासनिक /नागरिक सोच  के जिस्म  को कुरेदेंगे?
                                

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